अलविदा 'सुरों की मल्लिका': आशा भोंसले का 92 वर्ष की आयु में निधन!
भारतीय संगीत प्रेमियों के लिए आज का दिन एक गहरे शोक की लहर लेकर आया है। अपनी जादुई आवाज़ से सात दशकों तक दुनिया पर राज करने वाली दिग्गज गायिका आशा भोंसले अब हमारे बीच नहीं रहीं। 92 वर्ष की आयु में, 12 अप्रैल 2026 को मुंबई के ब्रीच कैंडी अस्पताल में उन्होंने अंतिम सांस ली। वे पिछले कुछ समय से चेस्ट इन्फेक्शन और अत्यधिक थकान से जूझ रही थीं। उनके जाने से भारतीय संगीत के एक युग का अंत हो गया है। सात दशकों का सुरीला सफर आशा ताई केवल एक गायिका नहीं, बल्कि एक संस्था थीं। उनके करियर पर एक नज़र डालें तो उनकी बहुमुखी प्रतिभा देखकर हैरानी होती है: हजारों गीतों का संगम: उन्होंने अपने करियर में 12,000 से भी अधिक गाने गाए। हर विधा में माहिर: चाहे वो चंचल कैबरे हो, गंभीर गज़लें हों, या भक्ति से भरे भजन—आशा जी ने हर शैली को अपनी आवाज़ से अमर बना दिया। वर्सेटैलिटी की मिसाल: उन्होंने 'दम मारो दम' जैसे बोल्ड गानों से लेकर 'इन आँखों की मस्ती के' जैसी नज़ाकत भरी गज़लों तक, संगीत के हर रंग को बखूबी जिया। संगीत की दुनिया का एक अटूट स्तंभ लता दीदी के जाने के बाद, आशा जी ही थीं जिन्होंने ...