खाकी पर लगा दाग: मादक पदार्थ के तस्करों को छोड़ने के एवज में रिश्वत लेने का गंभीर मामला।
ये है मेरा थाना जहाँ कानून के रखवाले ही बने भक्षक, फुलवारीशरीफ थाने के पुलिसकर्मियों की घिनौनी करतूत बेनकाब! बिहार पुलिस की कार्यप्रणाली पर एक बार फिर से बहुत बड़ा और गंभीर सवालिया निशान लग गया है। राजधानी पटना के फुलवारीशरीफ थाने से एक ऐसी शर्मनाक घटना सामने आई है, जिसने खाकी वर्दी की साख को तार-तार कर दिया है। अपराधियों पर शिकंजा कसने की कसम खाने वाले पुलिसकर्मी खुद भ्रष्टाचार के दलदल में डूबे नजर आ रहे हैं। दिनांक 26.10.2026 को फुलवारीशरीफ थाना क्षेत्र में गुप्त सूचना के आधार पर मादक पदार्थ (ड्रग्स) की खरीद-बिक्री करने वाले आकिब खान उर्फ मो० साकिब खान को गिरफ्तार किया गया था। लेकिन असली खेल इसके बाद शुरू होता है! गिरफ्तारी के बाद साक्ष्यों और आरोपियों को गायब करने का खेल: मुख्य आरोपी के साथ पकड़े गए अन्य दो व्यक्तियों—मो० आफ़ताब आलम और मो० एहसान—को भी पुलिस पकड़कर थाना लाई थी, लेकिन न तो उनका नाम प्राथमिकी (FIR) में दर्ज किया गया और न ही इसकी सूचना वरीय पदाधिकारियों को दी गई। रिश्वत लेकर छोड़ने का सनसनीखेज मामला: आरोप है कि छापेमारी...